सिक्किम की तीस्ता जलविद्युत परियोजना में गैस विस्फोट, राहत अभियान जारी, 10 मृत
संदिग्ध मीथेन गैस विस्फोट के बाद टनल में फैला जहरीला धुआं, NDRF–SDRF सहित कई एजेंसियां बचाव अभियान में जुटीं
नई दिल्ली/गंगटोक – विद्युत मंत्रालय के अधीन महारत्न सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम एनएचपीसी (NHPC) की निर्माणाधीन 500 मेगावाट तीस्ता स्टेज-VI जलविद्युत परियोजना में सोमवार को बड़ा हादसा हो गया। दक्षिण सिक्किम के समरडुंग स्थित हेड रेस टनल (एचआरटी) में संदिग्ध मीथेन गैस के अचानक विस्फोट से टनल में घना धुआं और विषैली गैस फैल गई, जिसकी चपेट में आने से अब तक 10 कर्मियों की मौत की पुष्टि हुई है। राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है।
एनएचपीसी के अनुसार, यह दुर्घटना 20 जुलाई 2026 को दोपहर 1:04 बजे हुई। निर्माणाधीन टनल के भीतर चट्टानों में फंसी संदिग्ध मीथेन गैस के अचानक विस्फोट के बाद टनल में जहरीली गैस और धुआं भर गया, जिससे वहां कार्यरत कर्मचारी प्रभावित हो गए।
घटना के तुरंत बाद एनएचपीसी ने अपनी आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली सक्रिय कर दी। जिला प्रशासन, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF), राज्य आपदा मोचन बल (SDRF), डीजीएमएस की विशेष बचाव टीम तथा अन्य संबंधित एजेंसियां संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान में जुटी हुई हैं। एनएचपीसी का शीर्ष प्रबंधन भी मौके पर पहुंचकर अभियान की निगरानी कर रहा है।
एनएचपीसी के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, समाचार लिखे जाने तक 10 कर्मियों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हुई है। अधिकारियों ने बताया कि बचाव कार्य लगातार जारी है और अंतिम स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। उन्होंने कहा कि अभियान पूरा होने के बाद ही मृतकों एवं प्रभावितों की अंतिम संख्या की पुष्टि की जा सकेगी।
एनएचपीसी ने दुर्घटना के कारणों की विस्तृत जांच कराने की घोषणा की है। कंपनी ने कहा कि प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि इस कठिन समय में पूरा एनएचपीसी परिवार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा है।
(समाचार लिखे जाने तक उपलब्ध आधिकारिक जानकारी एवं एनएचपीसी के वरिष्ठ अधिकारियों से प्राप्त सूचना के अनुसार मृतकों की संख्या 10 थी। राहत एवं बचाव अभियान जारी होने के कारण यह आंकड़ा आगे बदल सकता है।)
