आरएमएल के 194 तकनीकी कार्मिकों को नियुक्ति पत्र, पारदर्शी भर्ती से युवाओं का बढ़ा भरोसा
लखनऊ– डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के षष्ठम स्थापना दिवस समारोह में रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संस्थान के 194 तकनीकी संवर्ग के कार्मिकों को नियुक्ति पत्र वितरित किए। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम में नियुक्ति पत्र पाकर चयनित अभ्यर्थियों के चेहरे खुशी से खिल उठे।

अभ्यर्थियों ने भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बताते हुए कहा कि बिना सिफारिश और रिश्वत के केवल योग्यता के आधार पर चयन होने से युवाओं का भरोसा बढ़ा है।
बिहार निवासी और ओटी टेक्नीशियन पद पर चयनित प्रिंस कुमार ने बताया कि उन्होंने आवेदन के लिए करीब 1180 रुपये खर्च किए। जुलाई के अंतिम सप्ताह में परीक्षा हुई और इसके बाद परिणाम, दस्तावेज सत्यापन सहित अन्य प्रक्रिया पूरी हुई। करीब डेढ़ महीने के भीतर उन्हें नियुक्ति पत्र मिल गया। उन्होंने कहा कि इतनी कम अवधि में पूरी भर्ती प्रक्रिया का पूरा होना उनके लिए खुशी की बात है और उन्हें अपनी योग्यता के आधार पर नौकरी मिली।

एमएलटी पद पर चयनित आयुष शुक्ला ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता से युवाओं का विश्वास मजबूत हुआ है। पात्रता पूरी करने और परीक्षा में सफल होने वाले अभ्यर्थियों को ही आगे बढ़ने का अवसर मिलना मेहनत करने वाले युवाओं के लिए सकारात्मक संदेश है।
राजस्थान निवासी रेडियोलॉजी टेक्नीशियन जितेंद्र सैनी ने कहा कि पारदर्शी चयन प्रक्रिया से विद्यार्थियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। मुख्यमंत्री के हाथों नियुक्ति पत्र प्राप्त करना उनके लिए गर्व का क्षण रहा।

मेडिकल लेबोरेटरी टेक्नीशियन के पद पर चयनित गौरव कुमार झा ने कहा कि आरएमएल और एसजीपीजीआई जैसे संस्थानों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होने से मरीजों को बेहतर उपचार मिल रहा है। चिकित्सा क्षेत्र में आधुनिक तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल से उपचार व्यवस्था के साथ प्रशिक्षित युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ रहे हैं।

टेक्निकल ऑफिसर (परफ्यूजन) पद पर चयनित अनुज कुमार शुक्ला ने ‘एक जिला, एक मेडिकल कॉलेज’ के लक्ष्य को ग्रामीण क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेजों और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उपचार के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। अभ्यर्थियों ने कहा कि एक ओर पारदर्शी भर्ती से युवाओं को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं, वहीं दूसरी ओर स्वास्थ्य संस्थानों की क्षमता बढ़ने से प्रदेश की चिकित्सा व्यवस्था भी मजबूत हो रही है।http://Politicaltrust.in
