हिंसा के बीच दूसरे चरण में आज 142 सीटों के लिए पश्चिम बंगाल में मतदान जारी, 1448 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे मतदाता
- राजनीति राष्ट्रीय
Political Trust
- April 29, 2026
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कोलकाता। पश्चिम बंगाल में आज बुधवार को विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए 142 सीटों पर मतदान शुरू हो गया है। बंगाल के मतदाता आज 1,448 प्रत्याशियों की किस्मत का फैसला करेगी। राज्य में एक तरफ ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस चौथी बार सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही है, तो दूसरी ओर भाजपा भी कमल खिलाने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है।
बुधवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान के शुरुआती घंटों के दौरान राज्य के कई हिस्सों से हिंसा और तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आईं। अधिकारियों के अनुसार, ये घटनाएं चापड़ा, शांतिपुर, निमतला और भांगर समेत कई इलाकों से रिपोर्ट की गई हैं। भाजपा नेताओं का आरोप है कि नदिया जिले के चापड़ा में बूथ संख्या 53 पर सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) से जुड़े उपद्रवियों ने भाजपा के एक पोलिंग एजेंट पर हमला किया।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि घायल व्यक्ति की पहचान मोशारेफ मीर के रूप में हुई है और उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। भाजपा उम्मीदवार सैकत सरकार ने कहा कि यह घटना मॉक पोल शुरू होने के बाद हुई। उन्होंने आरोप लगाया, ‘टीएमसी समर्थकों ने भाजपा एजेंट को रोका और उसके सिर पर हमला किया, जिससे वह घायल हो गया।’ इस संबंध में स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है, हालांकि टीएमसी ने आरोपों से इनकार किया है।
पुलिस के अनुसार, शांतिपुर में वार्ड संख्या 16 स्थित भाजपा के एक कैंप कार्यालय में बुधवार सुबह तोड़फोड़ की गई, जहां फर्नीचर को नुकसान पहुंचाया गया, जिससे इलाके में तनाव फैल गया। दक्षिण 24 परगना जिले के भांगर में आरोप लगे हैं कि आईएसएफ के एक एजेंट को मतदान केंद्र में प्रवेश करने से रोका गया, जिससे वहां अशांति की स्थिति पैदा हो गई। आईएसएफ नेता अराबुल इस्लाम ने दावा किया, ‘एजेंटों के फॉर्म छीने जा रहे हैं और उन्हें बाहर निकाला जा रहा है। महिलाओं को मतदान नहीं करने दिया जा रहा है। हमने एजेंट इसलिए तैनात किए ताकि हर कोई वोट डाल सके।’
निमतला में बूथ संख्या 140 पर मतदान में देरी हुई, जहां सुबह 7:30 बजे तक मतदान शुरू नहीं हुआ था, जिससे मतदाताओं में नाराजगी देखी गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘हमने संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है। उन्हें यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि मतदान निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से हो तथा हर व्यक्ति बिना किसी डर के मतदान कर सके।’
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि घायल व्यक्ति की पहचान मोशारेफ मीर के रूप में हुई है और उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। भाजपा उम्मीदवार सैकत सरकार ने कहा कि यह घटना मॉक पोल शुरू होने के बाद हुई। उन्होंने आरोप लगाया, ‘टीएमसी समर्थकों ने भाजपा एजेंट को रोका और उसके सिर पर हमला किया, जिससे वह घायल हो गया।’ इस संबंध में स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है, हालांकि टीएमसी ने आरोपों से इनकार किया है।
पुलिस के अनुसार, शांतिपुर में वार्ड संख्या 16 स्थित भाजपा के एक कैंप कार्यालय में बुधवार सुबह तोड़फोड़ की गई, जहां फर्नीचर को नुकसान पहुंचाया गया, जिससे इलाके में तनाव फैल गया। दक्षिण 24 परगना जिले के भांगर में आरोप लगे हैं कि आईएसएफ के एक एजेंट को मतदान केंद्र में प्रवेश करने से रोका गया, जिससे वहां अशांति की स्थिति पैदा हो गई। आईएसएफ नेता अराबुल इस्लाम ने दावा किया, ‘एजेंटों के फॉर्म छीने जा रहे हैं और उन्हें बाहर निकाला जा रहा है। महिलाओं को मतदान नहीं करने दिया जा रहा है। हमने एजेंट इसलिए तैनात किए ताकि हर कोई वोट डाल सके।’
निमतला में बूथ संख्या 140 पर मतदान में देरी हुई, जहां सुबह 7:30 बजे तक मतदान शुरू नहीं हुआ था, जिससे मतदाताओं में नाराजगी देखी गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘हमने संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है। उन्हें यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि मतदान निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से हो तथा हर व्यक्ति बिना किसी डर के मतदान कर सके।’
