श्री राम कॉलेज में ‘स्पंदन 2026’ का भव्य आयोजन, हिंदी को संस्कार की भाषा बताया
प्रो. रवि शर्मा ‘मधुप’
नई दिल्ली। श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स के शताब्दी वर्ष के अवसर पर कॉलेज की हिंदी साहित्य सभा द्वारा वार्षिक उत्सव ‘स्पंदन 2026’ का भव्य आयोजन किया गया। दो दिवसीय इस कार्यक्रम में दिल्ली विश्वविद्यालय के विभिन्न महाविद्यालयों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम के पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्य अतिथि हिंदुस्तानी भाषा अकादमी के अध्यक्ष श्री सुधाकर पाठक ने कहा कि “हिंदी भारतीय संस्कृति की वाहक होने के कारण संस्कार की भाषा है। यह विद्यार्थियों को सच्चा और अच्छा मनुष्य बनाने का प्रयास करती है। श्री राम कॉलेज की हिंदी साहित्य सभा ‘स्पंदन’ जैसे आयोजनों के माध्यम से वर्षों से यही कार्य कर रही है।”

समारोह के विशिष्ट अतिथि हिंदी अकादमी के पूर्व उपसचिव श्री ऋषि कुमार शर्मा ने भी विद्यार्थियों के इस प्रयास की सराहना करते हुए सभी पुरस्कार विजेताओं को शुभकामनाएँ दीं।

उत्सव के पहले दिन तीन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनमें ‘बोलिए जनाब एक मिनट’ (आशु भाषण प्रतियोगिता), ‘नहले पे दहला’ (वाद-विवाद प्रतियोगिता) और रचनात्मक लेखन प्रतियोगिता शामिल थीं। दूसरे दिन कॉलेज सभागार में ‘कवि के बोल’ (स्वरचित कविता प्रतियोगिता) आयोजित की गई। इन प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में डॉ. सुधा शर्मा ‘पुष्प’, डॉ. रेखा चंदोला, श्री सत्येंद्र राठी, डॉ. राजकुमारी शर्मा, श्रीमती तरुणा पुंडीर ‘तरुनिल’, सुश्री सोनी मिश्र और श्री युद्धवीर सिंह सूद उपस्थित रहे।

वाद-विवाद प्रतियोगिता ‘नहले पे दहला’ में हिंदू कॉलेज (वैभव, सुधांशु और लवीशा) की टीम विजेता रही, जबकि गार्गी कॉलेज (हर्षिता, अदिशा और सौम्या) की टीम द्वितीय स्थान पर रही। ‘बोलिए जनाब एक मिनट’ प्रतियोगिता में वैभव मालावत (हिंदू कॉलेज), अनुराग शुक्ल (रामजस कॉलेज) और मोहम्मद जीशान (देशबंधु कॉलेज) विजेता बने। रचनात्मक लेखन प्रतियोगिता में करण कुमार (दयाल सिंह कॉलेज), ऋतेश डोंगरे और अंकित तोमर (रामजस कॉलेज) ने बाजी मारी। वहीं ‘कवि के बोल’ प्रतियोगिता में अमर झा (पी.जी.डी.ए.वी. कॉलेज), शुभांगी पांडेय (दौलत राम कॉलेज) और रागम गुप्ता (रामजस कॉलेज) विजेता रहे।

दूसरे दिन आयोजित वक्ता सत्र में टाइम्स नाउ के वरिष्ठ पत्रकार श्री सुमित अवस्थी ने विद्यार्थियों को शुद्ध हिंदी के प्रयोग और हिंदी के उज्ज्वल भविष्य के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया। इसके बाद वरिष्ठ आईएएस श्री आशुतोष अग्निहोत्री के नवीनतम काव्य संग्रह “मैं बूँद स्वयं खुद सागर हूँ” पर इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के महाप्रबंधक श्री आलोक अविरल के साथ संवाद और परिचर्चा हुई।
कार्यक्रम में आयोजित कवि सम्मेलन में वरिष्ठ कवि आलोक अविरल (अध्यक्षता), ज़ुबैर अली ताबिश, तनोज दाधीच (संचालन), अंकित मौर्य, सत्यम त्रिपाठी और रागिनी झा धृति ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम के अंत में हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. रवि शर्मा ‘मधुप’ ने स्पंदन 2026 के सफल आयोजन के लिए पूरी टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए डॉ. राजकुमारी शर्मा, डॉ. सुनीत कुमार और श्री अभिलाष के मार्गदर्शन का विशेष उल्लेख किया तथा सभी निर्णायकों और अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
इस आयोजन की सफलता में काव्यपीडिया, इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, दैनिक जागरण, यूबोन, फ्रेस्का और इवपेपर जैसे प्रायोजकों का उल्लेखनीय सहयोग रहा।
