MC² + Ignite कार्यक्रम में पूर्वोत्तर के स्टार्टअप और नवाचार क्षमता को मिला मंच

 MC² + Ignite कार्यक्रम में पूर्वोत्तर के स्टार्टअप और नवाचार क्षमता को मिला मंच

गुवाहाटी। पूर्वोत्तर क्षेत्र में स्टार्टअप और नवाचार के मजबूत इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आईआईटी गुवाहाटी में MC² + Ignite Outreach Programme का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा ने उद्यमिता और तकनीक आधारित नवाचार को क्षेत्र के आर्थिक विकास और युवाओं के लिए नए अवसरों का महत्वपूर्ण माध्यम बताया।

 

आईआईटी गुवाहाटी के डॉ. भूपेन हजारिका ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम का विषय “Start-Up Ecosystem in the Northeast Region” रहा। इसमें स्टार्टअप, विद्यार्थी, उद्यमी, नीति निर्माता, उद्योग जगत और शिक्षण संस्थानों से जुड़े लोगों ने भाग लिया। कार्यक्रम में 200 से अधिक स्टार्टअप, 1,500 से अधिक पंजीकरण और करीब 1,000 विद्यार्थियों की भागीदारी हुई।

कार्यक्रम में ऑयल इंडिया लिमिटेड एंकर PSU के रूप में शामिल रहा। इस दौरान पूर्वोत्तर के उभरते स्टार्टअप को सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों और अन्य संस्थानों से जुड़ने का अवसर मिला। तकनीक विकास, उद्योग सहयोग, फंडिंग, तकनीक के व्यावहारिक इस्तेमाल और स्टार्टअप को बड़े स्तर तक पहुंचाने जैसे विषयों पर चर्चा हुई।

कार्यक्रम में असम सरकार के मुख्य सचिव डॉ. रवि कोटा, आईआईटी गुवाहाटी के निदेशक प्रो. देवेंद्र जालिहाल, आईआईटी मद्रास के इंस्टीट्यूट प्रोफेसर प्रो. अशोक झुनझुनवाला, ऑयल इंडिया लिमिटेड के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक डॉ. रंजीत रथ, नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक भास्कर ज्योति फुकन, MC² Foundation के CEO संदीप माहेश्वरी और असम सरकार के नवाचार एवं स्टार्टअप विभाग के सचिव डॉ. जीवन बसवराज सहित कई प्रमुख लोग मौजूद रहे।

MC² Foundation को पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के मार्गदर्शन में देश में विकसित ऊर्जा तकनीकों को प्रयोगशाला से वास्तविक क्षेत्र तक पहुंचाने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। ONGC, Oil India Limited, Indian Oil, BPCL, HPCL, GAIL और Petronet LNG सहित तेल एवं गैस क्षेत्र के CPSEs इसके साथ जुड़े हैं। इसके लिए पांच वर्षों में 455 करोड़ रुपये का कोष निर्धारित किया गया है।

MC² के माध्यम से नई तकनीकों को विकसित करने से लेकर उनके परीक्षण और व्यावसायिक इस्तेमाल तक की प्रक्रिया को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है। इसके तहत स्टार्टअप को अनुदान, शोध संस्थानों और CPSE के साथ संयुक्त विकास, PSU की परियोजनाओं में तकनीक का परीक्षण तथा नियामकीय और खरीद संबंधी सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।

इस अवसर पर गुवाहाटी स्थित NRL Centre में MC²+ Co-Working Space और Innovation Node का भी उद्घाटन किया गया। इस अत्याधुनिक केंद्र में 50 से अधिक वर्कस्टेशन और 16 केबिन के साथ निवेशकों और तकनीकी सलाहकारों के लिए अलग सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। यह केंद्र पूर्वोत्तर के स्टार्टअप को उद्योग जगत से जोड़ने और उनके नवाचार को बड़े स्तर पर ले जाने में मदद करेगा।

कार्यक्रम में सरकार, शिक्षा जगत, उद्योग और उद्यमियों के बीच सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया गया। बड़ी संख्या में स्टार्टअप और युवाओं की भागीदारी ने पूर्वोत्तर में बढ़ती उद्यमिता और तकनीकी नवाचार की संभावनाओं को सामने रखा।http://Politicaltrust.in