उपराष्ट्रपति ने मेघालय की विकास यात्रा की सराहना की, ₹1,010 करोड़ की परियोजनाओं का किया शिलान्यास

 उपराष्ट्रपति ने मेघालय की विकास यात्रा की सराहना की, ₹1,010 करोड़ की परियोजनाओं का किया शिलान्यास

शिलांग- भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन ने मेघालय के अपने प्रथम दौरे के दौरान शिलांग के सोसो थाम ऑडिटोरियम में आयोजित सार्वजनिक स्वागत समारोह में राज्य में ₹1,010.95 करोड़ की पांच प्रमुख विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी। इस अवसर पर मेघालय के मुख्यमंत्री श्री कॉनराड के. संगमा, मंत्रिमंडल के सदस्य, वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न समुदायों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

उपराष्ट्रपति ने मेघालय सरकार की विकास पहलों की सराहना करते हुए कहा कि इन परियोजनाओं से राज्य के विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएं केवल बुनियादी ढांचे में निवेश नहीं, बल्कि मेघालय के भविष्य और विकास में निवेश हैं।

उन्होंने पिछले आठ वर्षों में राज्य में बुनियादी ढांचे और पर्यटन के क्षेत्र में हुए विकास की सराहना की तथा होमस्टे कार्यक्रम, CM-ELEVATE और ग्रीन मेघालय जैसी पहलों की प्रशंसा की। उन्होंने मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा के नेतृत्व में राज्य की विकासोन्मुखी पहल की भी सराहना की।

शिलान्यास की गई प्रमुख परियोजनाओं में ₹850.58 करोड़ की न्यू शिलांग जलापूर्ति योजना (फेज-II) शामिल है, जिससे न्यू शिलांग शहर और आसपास के 32 ग्रामीण क्षेत्रों में 4.34 लाख से अधिक लोगों को लाभ मिलेगा। इसके अलावा ₹21.86 करोड़ के उमंगोट नदी पुल, ₹56.01 करोड़ के उमसेन-बरापाथर ऑल-वेदर कॉरिडोर, ₹10 करोड़ के 30-बेडेड एकीकृत आयुष केंद्र और ₹72.5 करोड़ के पावर ग्रिड विस्तार पैकेज की आधारशिला रखी गई।

मुख्यमंत्री श्री कॉनराड के. संगमा ने उपराष्ट्रपति का स्वागत करते हुए कहा कि पिछले आठ वर्षों में मेघालय और पूर्वोत्तर क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन हुआ है। उन्होंने कहा कि राज्य की प्रगति में सरकार के साथ-साथ युवा, महिला स्वयं सहायता समूह और किसान भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मेघालय देश की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।

उन्होंने राज्य में मातृ स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में हुई प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि मेघालय ने मातृ मृत्यु दर में प्रतिशत के आधार पर देश में सबसे अधिक सुधार करने वाले राज्यों में स्थान बनाया है। उन्होंने कहा कि राज्य का लक्ष्य देश के शीर्ष 10 राज्यों में शामिल होना है।

कार्यक्रम में मुख्य सचिव डॉ. शकील पी. अहमद, आईएएस ने मेघालय की खासी, जयंतिया और गारो समुदायों की समृद्ध परंपराओं और विशिष्ट सामाजिक संस्थाओं का उल्लेख किया। कार्यक्रम का समापन खासी, गारो और जयंतिया समुदायों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों तथा KHMIH Creative Society की ओर से प्रस्तुत कोयर कार्यक्रम के साथ हुआ।http://Politicaltrust.in