• July 17, 2026

एलपीजी की उपलब्धता को लेकर फैल रही अफवाहों पर केंद्र सरकार ने जताई चिंता

 एलपीजी की उपलब्धता को लेकर फैल रही अफवाहों पर केंद्र सरकार ने जताई चिंता
नई दिल्ली। एलपीजी की उपलब्धता को लेकर फैल रही अफवाहों पर केंद्र सरकार ने चिंता जताई है। पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को पत्र लिखकर कहा है कि सिर्फ 17 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश ही नियमित प्रेस ब्रीफिंग कर रहे हैं, जो स्थिति को संभालने के लिए पर्याप्त नहीं है।
पेट्रोलियम सचिव नीरज मित्तल ने अपने पत्र में कहा कि कुछ क्षेत्रों में अफवाहें और गलत जानकारी फैल रही है, जिससे लोगों में अनावश्यक डर पैदा हो रहा है और कई जगहों पर घबराहट में खरीदारी (पैनिक बायिंग) देखी जा रही है। मंत्रालय ने राज्यों से अपील की है कि वे संचार व्यवस्था को और मजबूत करें ताकि स्थिति सामान्य बनी रहे।
मंत्रालय ने सलाह दिया है कि वरिष्ठ स्तर पर रोजाना प्रेस ब्रीफिंग की जाए और सोशल व इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के जरिए सही और समय पर जानकारी दी जाए, ताकि लोगों को एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता और सुचारु वितरण का भरोसा मिल सके और अफवाहों पर रोक लगाई जा सके।
इसके साथ ही केंद्र ने जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए हैं। पत्र में कहा गया है कि इस तरह की गलत गतिविधियों को रोकने के लिए जरूरी कदम लगातार उठाए जाएं।
यह निर्देश 27 मार्च को जारी उस चेतावनी के बाद आया है, जिसमें मंत्रालय ने पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव के कारण वैश्विक सप्लाई चेन पर असर की बात कही थी। इन परिस्थितियों के चलते पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों व उपलब्धता को लेकर सोशल मीडिया पर फर्जी खबरें तेजी से फैल रही हैं, जिससे घरेलू वितरण प्रणाली पर दबाव बढ़ा है।