केंद्र ने देशवासियों को किया आश्वस्त, ‘देश में ईंधन का भंडार पूरी तरह सुरक्षित’

 केंद्र ने देशवासियों को किया आश्वस्त, ‘देश में ईंधन का भंडार पूरी तरह सुरक्षित’
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में गहराते तनाव और होर्मुज़ जलडमरूमध्य के रास्ते आपूर्ति बाधित होने की आशंकाओं के बीच भारत सरकार ने देशवासियों को आश्वस्त किया है कि देश में ईंधन का भंडार पूरी तरह सुरक्षित है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि देश के सभी पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है और घरेलू एलपीजी (रसोई गैस) की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है। सरकार ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और ‘पैनिक बाइंग’ (घबराहट में खरीदारी) से बचें।
एक दिन में 54 लाख सिलेंडर बांटे गए
मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, एक दिन में देशभर में 54 लाख से अधिक घरेलू एलपीजी रीफिल वितरित किए गए। घरेलू पीएनजी और सीएनजी आपूर्ति को 100 प्रतिशत प्राथमिकता दी गई है। वहीं, वाणिज्यिक एलपीजी (Commercial LPG) के आवंटन को संकट-पूर्व स्तर के 70 प्रतिशत तक बढ़ा दिया गया है, जिससे होटल, रेस्तरां और उद्योगों को राहत मिली है। सरकार ने सिटी गैस वितरण कंपनियों को निर्देश दिए हैं कि वे कमर्शियल प्रतिष्ठानों को पीएनजी कनेक्शन देने में तेजी लाएं।
जमाखोरों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई ईंधन की कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए सरकार ने ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम’ के तहत सख्त कदम उठाए हैं। पिछले 24 घंटों में विभिन्न राज्यों में लगभग 2,900 ठिकानों पर छापे मारे गए और 1,700 से अधिक अवैध एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए हैं। तेल कंपनियों ने 1,600 से अधिक पेट्रोल पंपों और वितरकों का औचक निरीक्षण किया है, जिसमें 390 से अधिक कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।