ड्रोन हमले में कुवैत तेल रिफाइनरी में भीषण आग,20 हिजबुल लड़ाके ढेर

 ड्रोन हमले में कुवैत तेल रिफाइनरी में भीषण आग,20 हिजबुल लड़ाके ढेर
तेहरान। ड्रोन हमले में कुवैत तेल रिफाइनरी में भीषण आग लग गई है। दक्षिण पार्स गैस फील्ड दुनिया का सबसे बड़ा प्राकृतिक गैस फील्ड है। दक्षिण पार्स गैस फील्ड का सबसे बड़ा हिस्सा ईरान के पास है। वहीं एक हिस्सा कतर की सीमा में आता है, जिसे नॉर्थ डोम कहा जाता है। इस पूरे फील्ड में करीब 1800 खरब क्यूबिक फीट गैस है, जो पूरी दुनिया के इस्तेमाल के लिए 13 साल तक पर्याप्त है। दक्षिण पार्स से निकाली जाने वाली अधिकतर गैस को ईरान द्वारा घरेलू इस्तेमाल में लाया जाता है। इस गैस फील्ड की अहमियत को देखते हुए ही संयुक्त अरब अमीरात और कतर ने भी इस्राइल के हमले की निंदा की है। जिसके बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सफाई देनी पड़ी है और उन्होने कहा है कि इस्राइल अब दोबारा यहां हमला नहीं करेगा। ईरान की सरकार ने जनवरी में हुए विरोध प्रदर्शन में शामिल तीन लोगों को फांसी दे दी है। इन लोगों पर कानून प्रवर्तन एजेंसियों को दो लोगों की हत्या का आरोप था। ईरान के सरकारी मीडिया ने बताया कि ईरान में विरोध प्रदर्शन के दौरान करीब 3117 लोग मारे गए थे। वहीं अमेरिकी मानवाधिकार संगठन ने दावा किया है कि ईरान में  6800 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। इस्राइली सेना ने कहा है कि बुधवार को उनके हमलों में 20 से ज्यादा हिजबुल्ला लड़ाके मारे गए हैं। ये हमले दक्षिणी लेबनान में किए गए। बयान में कहा गया है कि इस्राइली सेना की 36वीं डिविजन ने हवाई हमले किए।