करणी सेना ने यूजीसी कानून को लेकर किया प्रदर्शन, सौंपा ज्ञापन

 करणी सेना ने यूजीसी कानून को लेकर किया प्रदर्शन, सौंपा ज्ञापन
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में राजपूत करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को जिला कलेक्ट्रेट पहुंच कर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) कानून के विरोध में प्रदर्शन कर सरकार विरोधी नारेबाजी की। जिलाध्यक्ष सुशील सिंह चौहान के नेतृत्व में राष्ट्रपति काे संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट संजय बंशल को सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि यूजीसी का यह काला कानून सवर्णों को कुचलने, संविधान का अपमान करने और राष्ट्र विभाजन की साजिश रचने वाला है।
प्रदर्शनकारियों का कहना था यूजीसी के इस कानून को 48 घंटों में वापस लिया जाए। यह कानून सवर्ण समाज काे तोड़ने का हथियार है। जो ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य जैसे राष्ट्र निर्माताओं को गुलामी की बेड़ियां पहनाने का अपराध है। सवर्ण समाज ने सदियों से भारत को शक्ति और समृद्धि दी है। आज यह जहरीला कानून हमें सड़क पर ला रहा है। बाबा साहेब अंबेडकर का सपना समानता का था, न कि सवर्ण हत्या का। यह कानून सामाजिक आग लगाने का कुचक्र है, हम यह नहीं होने देंगे। हमारी मांग है कि यूजीसी का काला कानून तुरंत रद्द हो। जिलाधिकारी से निवेदन है कि इसे आपके (राष्ट्रपति) पास शीघ्र प्रेषित करें। ज्ञापन में चेतावनी दी गई कि मांग पूरी न हुई तो सवर्ण समाज का आंदोलन संपूर्ण भारत में शुरू होगा और धरने, रैलियां, हाईवे जाम किया जाएगा। इस मौके पर जिला प्रभारी अरविन्द सिंह चौहान, मुकेश, नीलू चौहान, राजू चौहान सहित हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे।