वैश्विक आर्थिक रैंकिंग में भारत फिसला, पांचवें से छठे स्थान पर आया
- कारोबार दिल्ली राष्ट्रीय
Political Trust
- May 3, 2026
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नई दिल्ली। वैश्विक आर्थिक रैंकिंग में भारत की स्थिति को लेकर नई तस्वीर सामने आई है। अंतरराष्ट्रीय आकलनों के मुताबिक, भारत की अर्थव्यवस्था हाल के वर्षों में चौथे-पाँचवें स्थान से फिसलकर अब छठे स्थान पर आ गई है। इस बदलाव के साथ United Kingdom एक बार फिर भारत से आगे निकलकर पाँचवें स्थान पर पहुंच गया है।
दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में फिलहाल शीर्ष स्थानों पर:
1. United States
2. China
3. Germany
4. Japan
5. United Kingdom
6. India
विशेषज्ञों के अनुसार यह गिरावट वास्तविक आर्थिक कमजोरी से ज्यादा तकनीकी कारणों से जुड़ी है।
भारत की GDP की गणना डॉलर (Nominal GDP) में की जाती है।
हाल के समय में रुपये की डॉलर के मुकाबले कमजोरी से भारत की कुल GDP का डॉलर मूल्य कम दिखाई दिया। दूसरी ओर, ब्रिटेन और जापान की मुद्राओं में अपेक्षाकृत स्थिरता या मजबूती देखने को मिली, जिससे उनकी रैंकिंग बेहतर हो गई।
ग्रोथ में भारत अभी भी आगे
रैंकिंग में गिरावट के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था की विकास दर (Growth Rate) दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेज बनी हुई है। यही कारण है कि दीर्घकाल में भारत को फिर से शीर्ष 5 में वापसी का मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
PPP में अब भी मजबूत स्थिति
एक अहम तथ्य यह भी है कि क्रय शक्ति समानता (PPP) के आधार पर भारत अभी भी दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है। इससे स्पष्ट है कि घरेलू बाजार और वास्तविक उपभोग क्षमता के मामले में भारत की स्थिति मजबूत है।
आगे की राह
आर्थिक जानकारों का मानना है कि यदि भारत की उच्च विकास दर जारी रहती है और मुद्रा स्थिर रहती है, तो आने वाले कुछ वर्षों में भारत फिर से Japan और Germany को चुनौती दे सकता है।
1. United States
2. China
3. Germany
4. Japan
5. United Kingdom
6. India
विशेषज्ञों के अनुसार यह गिरावट वास्तविक आर्थिक कमजोरी से ज्यादा तकनीकी कारणों से जुड़ी है।
भारत की GDP की गणना डॉलर (Nominal GDP) में की जाती है।
हाल के समय में रुपये की डॉलर के मुकाबले कमजोरी से भारत की कुल GDP का डॉलर मूल्य कम दिखाई दिया। दूसरी ओर, ब्रिटेन और जापान की मुद्राओं में अपेक्षाकृत स्थिरता या मजबूती देखने को मिली, जिससे उनकी रैंकिंग बेहतर हो गई।
ग्रोथ में भारत अभी भी आगे
रैंकिंग में गिरावट के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था की विकास दर (Growth Rate) दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेज बनी हुई है। यही कारण है कि दीर्घकाल में भारत को फिर से शीर्ष 5 में वापसी का मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
PPP में अब भी मजबूत स्थिति
एक अहम तथ्य यह भी है कि क्रय शक्ति समानता (PPP) के आधार पर भारत अभी भी दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है। इससे स्पष्ट है कि घरेलू बाजार और वास्तविक उपभोग क्षमता के मामले में भारत की स्थिति मजबूत है।
आगे की राह
आर्थिक जानकारों का मानना है कि यदि भारत की उच्च विकास दर जारी रहती है और मुद्रा स्थिर रहती है, तो आने वाले कुछ वर्षों में भारत फिर से Japan और Germany को चुनौती दे सकता है।
